Sunday, February 9, 2020

कॉपर माइनिंग म्यूजियम,फूलों की बगिया के साथ स्कीइंग लवर्स के शानदार जगह है किट्ज़बेल

लाइफस्टाइल डेस्क.मशहूर काल्पनिक व मनोरंजक जासूस जेम्स बॉन्ड 007 को गढ़ने वाले लेखक इयान फ्लेमिंग के जीवन का काफी समय ऑस्ट्रिया के छोटे से शहर ‘किट्ज़बेल’में गुज़रा था। आईए जानते है किट्ज़बेल के कुछ दर्शनीय स्थल के बारे में।

स्कीइंग के शौक के लिए मशहूर
‘किट्ज़बेल’का इलाका स्कीइंग के शौक को पूरा करने के लिए दुनियाभर में मशहूर है। यहां के पहाड़ी ढलान बर्फीले खेलों के लिए बहुत ही मुफीद माने जाते हैं और इसीलिए यहां स्की लॉज की भरमार हैं। करीब 10 हजार की आबादी वाले इस बेहद सुंदर छोटे-से कस्बे में जहां सर्दियों के दिनों में बर्फ पसरी रहती है तो गर्मियों में प्रकृति अपने पूरे यौवन में नज़र आती है। जब हम ‘किट्ज़बेल’पहुंचे तो आंखों को सुकून देने वाले ढेर सारे फूलों के रंग मानो इंद्रधनुष रच रहे थे। ये रंग-बिरंगे फूल सड़क किनारे, किसी की बगिया में, और तो और, खिड़कियों के आगे टंगे विंडो बॉक्स तक में ऐसे लहक रहे थे जैसे अनगिनत चित्रकार अपना ठीया छोड़ और अपनी रंग घोलने की पट्टिका बेख़बरी में फ़ेंक किसी से मिलने की उतावली में उठ भागे हों।

स्कीइंग

देखने लायक है प्राचीन चर्च
जाड़े का मौसम तो किट्ज़बेल में बर्फ और स्कीइंग के लिए प्रसिद्ध है ही, यहां और इसके आसपास के इलाकों में देखने लायक और भी कई चीज़ें हैं। गर्मियों में स्की वाले रास्तों पर ही हाइकिंग और साइकिलिंग की जा सकती है। यहां प्राचीन चर्च देखे जा सकते हैं, जो गहन शांति का एहसास करवाते हैं। तेरहवीं-चौदहवीं शताब्दी में बने इन चर्चों की दीवारों और छतों पर अति सुंदर पेंटिंग्स की गई हैं, साथ ही बेहतरीन वुड वर्क भी है। किट्ज़बेल के उत्तरी छोर पर स्थित ‘संत एंड्रिया’चर्च में अतिप्रसिद्ध स्थानीय शिल्पकार एसबी फेस्टेनबेर्गेरथ द्वारा बनाया हुआ मशहूर "हाई आल्टर' भी है। पहाड़ की ढलान पर स्थित "बरहर्ड-कापेल्ले’और "फ़्रांज़िसकन इम्माकुलाटा’चर्च भी अति दर्शनीय हैं।

‘संत एंड्रिया’चर्च

फूलों की बगिया

अगर किट्ज़बेल में मौसम खुला है तो ‘अल्पाइन फ्लावर गार्डन’एक अद्भुत दृश्य प्रस्तुत करता है। करीब 1880 मीटर की ऊंचाई पर 20,000 वर्गमीटर के क्षेत्र में फूलदार पौधों की तीन सौ से अधिक प्रजातियां जब अपने पूरे शबाब में खिली पड़ी हों तो कौन-सा मन बौरा न जाए।

‘अल्पाइन फ्लावर गार्डन’

म्यूजियम देता रोमांचक अनुभव

शहर के नज़दीक दो छोटे-छोटे किंतु महत्वपूर्ण म्यूजियम भी हैं। एक म्यूजियम तो मुख्यतः स्कीइंग की ऐतिहासिक वस्तुओं और व्यक्तियों के बारे में बताता है और साथ ही उसमें स्थानीय संस्कृति का भी ज्ञान मिलता है। लेकिन दूसरा म्यूजियम "कॉपर माइनिंग म्यूजियम' या ताम्बे की खदान का म्यूजियम है, जिसमें एक छोटी से रेलगाड़ी में बैठकर आप खदान के अंदर भी जा सकते हैं जो कि बहुत रोमांचक अनुभव होता है।

एक प्राणी संग्रहालय भी यहां है, लेकिन उससे भी ज़्यादा मज़ेदार और खासकर बच्चों के लिए "पेटिंग ज़ू" है, जहां पर आप जानवरों को छू और पुचकार भी सकते हैं। किट्ज़बेल यूरोप के तीन मुख्य शहरों - इन्सब्रुक, साल्ज़बर्ग और म्युनिख - के नज़दीक है। इन शहरों तक वायुयान से पहुंचा जा सकता है और फिर वहां से ट्रेन, बस अथवा टैक्सी या रेंटल कार द्वारा एक से दो घंटे में किट्ज़बेल पहुंच सकते हैं। सामान्यतः लोग इन्सब्रुक, साल्ज़बर्ग या म्युनिख के पर्यटन के दौरान ही समय निकालकर दो से तीन दिन किट्ज़बेल में गुजारते हैं।

वन्य प्राणी संग्रहालय


Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
Copper Mining Museum and flower garden in Kitzbuhel is a wonderful place for skiing lovers


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/37bXygD

No comments:

Post a Comment

Diwali 2020: परफेक्ट हलवाई स्टाइल में घर पर ऐसे बनाएं गुजिया, ये हैं 5 टिप्‍स

Diwali 2020: इस साल कई लोग सुरक्षा कारणों से घर पर दिवाली की मिठाई (Diwali Sweets) बना रहे हैं. अगर आप इनमें से एक हैं, तो आप कुछ उपयोगी टिप...