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Monday, June 15, 2020
खाने के लिए लाए बतख के अंडों को इनक्यूबेट किया तो पैदा हो गए तीन चूजे, डिबेट बन गया चार्ली लेलो का ये काम
इंग्लैंड की 29 साल की चार्ली लेलोइन दिनों चर्चा में हैं। उन्होंने सुपरमार्केट से लाएअंडों को इनक्यूबेट करकेबत्तख के चूजे पैदा करके एक नई डिबेट पैदा कर दीहै। इसका आइडिया उन्हें फेसबुक पर एक वीडियो से मिला, जिसमें एक महिला नेअंडों की देखभाल की और कुछ समय बाद उसमें सचमुच चूजे पैदा हो गए थे।
लॉकडाउन के दौरानघर में समय बिता रहीं चार्ली कुछ नया करने के लिए ब्रिटिश सुपरमार्केट वैट्रोस से बत्तख के अंडे लेकर आईं। चार्ली का कहना है अंडों से बत्तखों के निकलने का सफर आसान नहीं था लेकिन यह काफी दिलचस्प रहा है। तस्वीरों से इसकी पूरी कहानी।
चार्ली पेशे से एक शोरूम की असिस्टेंट मैनेजर हैं। उनका कहना है मैं सुपरमार्केट गई थी वहां बत्तख के अंडे रखे हुए देखे। पहले इसे खाने के लिए ला रही थी फिर कुछ समय बाद मुझे फेसबुक को वो वीडियो याद आया जिसमें एक महिला की मदद से अंडों से छोटी-छोटी बटेर बाहर आई थीं।चार्ली कहती हैं, अंडों को देखकर मैं काफी उत्साहित हुईं लेकिन बाद में सोचा ये अंडे तो सुपरमार्केट के हैं, क्या इनमें से बच्चे निकलेंगे। मैं अंडों को ले आई। इन्हें एक महीने तक इनक्यूबेटर में रखा। कुछ समय बाद उसमें चूजे जैसे आवाज सुनाई दी, पास जाकर देखा तो सचमुच एक चूजा हैचिंग कर रहा था, यानि अंडे को तोड़कर बाहर निकल रहा था। यह देखना एक अद्भुत अनुभव था।चार्ली कहती हैं, ऐसा करने की वजह थी क्योंकि मैं काफी बोर हो रही थी। अचानक मिली छुटि्टयों के दिनों में यह बेहतरीन अनुभव साबित हुआ। सामान्य दिनों में ऐसा कर पाना और उनकी देखभाल करना सम्भव नहीं था।दुनियाभर में यह घटना चर्चा का विषय बन गई है कि क्या घर में वाकई अंडों से चूजों को निकाला जा सकता है। इस घटना को अंडे बेचने वाली ब्रिटेन की सुपरमार्केट ने अजूबा बताया है। अंडे बेचने वाली सुपरमार्केट कम्पनी के प्रवक्ता का कहना है, यह घटना आश्चर्यचकित करने वाली है।कम्पनी के प्रवक्ता के मुताबिक, हमारे यहां बिकने वाले अंडे खाने के लिहाज से काफी सुरक्षित हैं। फार्म में काम करने वाले लोग नर और मादा बत्तख को अलग रखते हैं ताकि उनके बीच मैटिंग न हो। गलती से ऐसा हुआ है यह घटना घटी। हालांकि ऐसा होना असम्भव भी नहीं है।चार्ली कहती हैं, तीनों बत्तखों के नाम बीप, पीप और मीप रखे हैं। मैं इन्हें नदी या जंगल में नहीं छोड़ूंगी क्योंकि ये वहां नहीं रह पाएंगे। इन्हें मैं अपने घर में पालतू खरगोश के साथ रखूंगी। अब ये मेरे लिए घर के बाकी सदस्यों जैसे हैं।
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